ये कार नहीं टैंक है

- Friday, February 06, 2015
पिछले दिनों ओबामा के भारत दौरे की काफी चर्चा रही, हर तरह की बातें ख़बरों का हिस्सा बन रही थीं. उन्हीं सब बातों में एक चर्चा ओबामा की गाड़ी की भी रही थी. बहुत से लोगों को ओबामा के भारत आने पर ये पता चला होगा कि अमरीका के प्रेसिडेंट जिस गाडी से चलते हैं उसे ‘कैडिलैक वन’ या ‘द बीस्ट’ भी कहा जाता है. लोग उसकी विशेषताओं की चर्चा करने लगे. उन्हें ये बात बेहद हैरान करने वाली लगी कि एक गाड़ी इतनी अत्याधुनिक और इतनी सुविधाओं सुरक्षा चक्रों से घिरी कैसे हो सकती है. दरअसल कैडिलैक वन एक अर्मोरड गाड़ी(बख्तरबंद गाड़ी) है. लोगों को ये सुन कर और भी हैरानी होगी अगर मैं कहूँ कि कैडिलैक वन या द बीस्ट कोई अनोखी गाड़ी नहीं है, दुनिया में ऐसी गाड़ियाँ और भी हैं जो इसी तर्ज पर बनी है, और उनमें से कुछ गाड़ियाँ कैडिलैक वन से भी कहीं ज्यादा महंगी और सुविधाओं से भरपूर है. इस पोस्ट में कुछ वैसी ही गाड़ियों कि चर्चा करेंगे हम जो कि दुनिया की सबसे बेहतरीन आर्मर्ड गाड़ियाँ मानी जाती हैं. लेकिन उसे जानने से पहले ये जान लें कि ये आर्मर्ड या बख्तरबंद गाड़ी होती क्या है. 

सीधे शब्दों में कहूँ तो आर्मर्ड गाड़ियाँ दो प्रकार की होती हैं, एक जिसे मिलिट्री आर्मर्ड गाड़ी कहते हैं और दूसरी जिसे हम सिविल्यन आर्मर्ड गाड़ियाँ कहते हैं. दोनों गाड़ियों को एक ही तरीके से बनाई जाती हैं, इनमें आर्मर्ड प्लेट लगाए जाते हैं जो किसी भी तरह के ग्रेनेड, गोली या छोटे मोटे बारूदों से गाड़ी की बचाव करता है. विभिन्न तरह के तत्वों को केमिकल को मिलाकर अर्मोर प्लेट तैयार किये जाते हैं. मिलिट्री में इस्तेमाल किये जाने वाली गाड़ियों में ये आर्मर प्लेट का सुरक्षा कवच साफ़ दिखाई देता है, लेकिन वहीँ जो सिविल्यन आर्मर्ड गाड़ियाँ होती हैं उनमें गाड़ी के बॉडी के अन्दर ये परत लगाईं जाती हैं, जिससे बाहर से देखने पर कोई भी गाड़ी आम गाड़ी सी दिखती है. इन सिविल्यन आर्मर्ड गाड़ियों की कीमत बहुत ज्यादा होती है. आर्मर्ड गाड़ियों की बात करने पर सबसे पहले जेहन में जिस गाड़ी का नाम आता है वो है कैडिलैक वन. तो आईये सबसे पहले कैडिलैक वन के बारे में देखते हैं...कैसे बनी है ये गाडी और इसमें क्या सुविधाएं हैं. 

द बीस्ट, यानी कैडिलैक वन, एक नज़र देखने में बस कैडिलैक DTS का एक मॉडिफाइड रूप ही दिखता है इसमें. कैडिलैक वन में दरअसल कैडिलैक, शेवरलेट और जीएम्सी के कई मॉडल्स के पुर्जे लगे हुए हैं. २०१२ में जब अमेरिका के प्रेसिडेंट ओबामा को फिर से चुना गया तब इस गाडी को बनाने की जिम्मेदारी अमेरिका की सबसे बड़ी कार कंपनी ‘जनरल मोटर्स’ को मिली थी. जेनरल मोटर्स के डेट्रॉइट प्लांट में कम्पनी के R&D टीम ने इस गाडी को बनाया. जेनरल मोटर्स के ही विभिन्न गाड़ियों के मॉडल्स के पार्ट्स से मिलकर ये गाडी बनाई गयी थी जिसमे बाद में दुसरी बहुत सी सुविधियाँ और फीचर जोड़े गए. 

कैडिलैक वन को जनरल मोटर्स ने ‘द बीस्ट’ का निकनेम दिया था. गाड़ी को करीब से देखे तो पता चलता है की इसके हेडलाईट, फ्रंट और साईड मिरर कैडिलैक Esclade जैसा हुबहू रखा गया है, टेललाईट, ट्रंक और पीछे का हिस्सा कैडिलैक STS Sedan का है, चेसिस और ड्राईवलाईन शेवरलेट Kodiak और GMC TopPick से लिया गया है. इंटीरिअर के बात करे तो इंटीरिअर लगभग वैसा ही रखा गया है जैसा कैडिलैक CTS Sedan में मुख्यतः देखने को मिलता है. गाड़ी के पहिये 19.5इंच Goodyear Regional RHS ट्रक के पहियों जैसे हैं. गाडी के फ्रंट और साईड पैनल स्टील, अलुमिनियम, टाइटेनीअम और सेरामिक्स से बने हुए हैं जिससे ये किसी भी तरह के हमले को सहने की क्षमता ये गाड़ी रखती है. सुरक्षा के दृष्टिकोण से ही ये गाडी बनाई गयी है. आठ इंच के मोटे परत से दरवाज़े बनाये गए हैं. कहा जाता है कि दरवाज़े इतने वजनदार हैं कि अन्दर बैठे अमरीकी प्रेसिडेंट के लिए ये लगभग नामुनकिन है कि अन्दर से ये दरवाज़ा वो खोल सके. सिर्फ दरवाज़े ही नहीं, गाडी की खिडकियों के शीशे भी पांच इंच के मोटे पोलीकार्बोनेट ग्लास से बने हुए हैं, जो किसी भी तरह के गोली बारूद को सहने की क्षमता रखते हैं. गाड़ी के फ्युएल टैंक की भी सुरक्षा के ख़ास इंतजाम किये गए हैं. एक ख़ास तरह के फोम से फ्यूल टैंक ढंका हुआ रहता है, जिससे किसी तरह का बाहरी एक्स्प्लोसन फ्यूल टैंक में न हो. गाडी की पहिये जो की Kevlar Goodyear फ़्लैट तैयार से बने हुए हैं जिससे टायर के ख़राब या क्षतिग्रस्त होने पर भी स्टील के पहियों के ऊपर गाड़ी दूर तक चल सकती है. 

द बीस्ट के पास अलग से ऑक्सीजन सप्लाई होता है, रात में देखने के लिए एक ख़ास किस्म का नाईटविजन कैमरा हेडलाईट पर लगा होता है जिससे रात में गाड़ी बिना हेडलाईट के रौशनी के भी अँधेरे में आराम से चल सकती है. इसका भी पूरा ख्याल रखा हुआ है कि अगर बायोलॉजिकल अटैक हुआ तो एक ख़ास तरह के परत से गाड़ी खुद बाद खुद ढँक जायेगी, जिससे बाहरी वातावरण का कोई असर अन्दर नहीं होगा. 

आर्मर प्लेटिंग और एन्वाइरन्मन्ट सिक्लूश़न की वजह से गाडी के अन्दर बाहर की कोई आवाज़ सुनाई नहीं देती ना अन्दर की कोई आवाज़ बाहर सुनाई देती है, बाहर के आवाजों को सुनने के लिए और अन्दर की आवाज़ को बाहर लाने के लिए गाड़ी में माइक्रोफोन और स्पीकर लगाये गए हैं. द बीस्ट की लम्बाई 18ft है और ये लगभग 5ft 10 ऊँची गाड़ी है, करीब आठ टन इसका वजन है और इसमें लगे 6.5-litre diesel engine से ये गाडी 100kmph की रफ्तार से चल सकती है. 

इस गाडी को चलाना भी आसन नहीं है, जिस भी सीक्रेट सर्विस एजेंट को गाडी चलाने का जिम्मा दिया जाता है, उसे पहले एक इन्टेन्स ड्राइविंग कोर्स और ट्रेनिंग से से गुज़ारना पड़ता है. हाई स्पीड कॉर्नरिंग और 180 डिग्री J-टर्न की भी ट्रेनिंग उन्हें दी जाती है. 

आईये अब कैडिलैक वन यानी द बीस्ट की कुछ बातें यहाँ देख लेते हैं...
इंजन - V8 6.6L turbo 300hp
ऐक्सेलरेशन – नहीं उपलब्ध है जानकारी. 
टॉप स्पीड - 60mph
कीमत - $300,000

गाड़ी को और अच्छे से समझने के लिए इस तस्वीर को देखें. 




अगले पोस्ट में हम बात करेंगे कुछ और ऐसी ही बेहतरीन गाड़ियों की जो कैडिलैक वन से किसी भी बात में कम नहीं है. सुरक्षा और बनावट(गाड़ियों को आर्मर युक्त करना) हर गाड़ियों की कमोबेश एक सी ही होती हैं. तो मिलते हैं अगले पोस्ट में कुछ और गाड़ियों की जानकारी लेकर.
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1 टिप्पणियाँ:

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Good.. फिर से चालू हुआ ये ब्लॉग. :)

 

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